पाकिस्तान सेना ने शनिवार रात को भारत को चेतावनी देते हुए कहा- अगर अब दोनों देशों के बीच युद्ध हुआ तो विनाशकारी तबाही होगी। यदि शत्रुता का एक नया दौर शुरू हुआ तो पाकिस्तान पीछे नहीं हटेगा। हम बिना किसी हिचकिचाहट से जवाब देंगे।
पाकिस्तानी सेना के मीडिया विंग ISPR ने ऑफिशियल स्टेटमेंट जारी कर कहा कि भारतीय रक्षामंत्री और सेना के अधिकारियों के गैर-जिम्मेदाराना बयान आक्रामकता को बढ़ावा देने का प्रयास है। इससे दक्षिण एशिया में शांति और स्थिरता को गंभीर खतरा हो सकता है।
साथ ही आर्मी चीफ उपेंद्र द्विवेदी के ‘पाकिस्तान को सोचना पड़ेगा, भूगोल में रहना है या नहीं’ बयान पर जवाब दिया कि जहां तक पाकिस्तान को नक्शे से मिटाने की बातें हैं। भारत को पता होना चाहिए कि ऐसी स्थिति आती है, तो मिटना दोनों तरफ से होगा।
3 बयान… जिनपर पाकिस्तान ने प्रतिक्रिया दी है
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह (3 अक्तूबर): जब भी भारत के गौरव और सम्मान की बात आएगी, देश कभी समझौता नहीं करेगा। भारत अपनी एकता और अखंडता की रक्षा के लिए जरूरत पड़ने पर किसी भी सीमा को पार कर सकता है।
आर्मी चीफ उपेंद्र द्विवेदी (3 अक्टूबर): जिस तरह से भारत ने ऑपरेशन सिंदूर 1.0 में संयम रखा है, अबकी बार भारत ये संयम नहीं रखेगा। इस बार हम आगे की कार्रवाई करेंगे और कुछ इस तरह की कार्रवाई करेंगे कि पाकिस्तान को सोचना पड़ेगा कि उसे भूगोल में रहना है या नहीं। अगर पाकिस्तान को भूगोल में अपनी जगह बनानी है, तो उसे अब आतंकवाद को संरक्षण देना बंद करना पड़ेगा।
वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह (3 अक्तूबर): ऑपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान के करीब 12 से 13 विमान तबाह किए गए थे। भारतीय सेना ने पाकिस्तान के पांच फाइटर जेट और एक C-130 (ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट) को जमीन पर तबाह किया। ये विमान पाकिस्तान के एयरबेस और हैंगर (विमानों की पार्किंग) पर खड़े थे।
